Variable DA Hike 2026: सरकार ने बढ़ाया वेरिएबल DA, त्योहारों से पहले श्रमिकों को राहत
नई दिल्ली: त्योहारों के सीजन से पहले केंद्र सरकार ने सेंट्रल स्फीयर के तहत आने वाले श्रमिकों के लिए वेरिएबल डियरनेस अलाउंस (VDA) में संशोधन किया है। नई दरें 1 अक्टूबर 2026 से लागू हो गई हैं। इस बदलाव का असर अलग-अलग क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी पर पड़ेगा।
श्रम ब्यूरो के आदेश के अनुसार, VDA में संशोधन औद्योगिक श्रमिकों के औसत उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI-IW) के आधार पर किया गया है। 30 जून 2026 तक CPI-IW बढ़कर 431.42 हो गया था, जबकि इससे पहले यह 424.80 था। यानी सूचकांक में 6.62 अंकों की वृद्धि हुई।
निर्माण क्षेत्र के श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी
संशोधित दरों के बाद निर्माण क्षेत्र में अकुशल श्रमिकों की न्यूनतम दैनिक मजदूरी ₹840 और कुशल श्रमिकों की दैनिक मजदूरी ₹1,111 हो गई है।
कृषि क्षेत्र में भी बढ़ी मजदूरी
कृषि क्षेत्र में एरिया-A के अकुशल श्रमिकों के लिए न्यूनतम दैनिक मजदूरी ₹537, जबकि कुशल श्रमिकों के लिए ₹705 तय की गई है। एरिया-B में अकुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी ₹491 और एरिया-C में ₹486 प्रतिदिन हो गई है।
क्या है Variable DA?
वेरिएबल डियरनेस अलाउंस न्यूनतम वेतन का वह हिस्सा है, जिसे महंगाई और जीवन-यापन की लागत में बदलाव को ध्यान में रखकर संशोधित किया जाता है। इसका उद्देश्य महंगाई बढ़ने के बावजूद श्रमिकों की वास्तविक आय को कुछ हद तक सुरक्षित रखना है।
नोट: यह संशोधन सेंट्रल स्फीयर के अंतर्गत आने वाले संबंधित श्रमिकों और निर्धारित क्षेत्रों/श्रेणियों पर लागू है। हर सरकारी कर्मचारी के सामान्य DA में यह बढ़ोतरी नहीं है।
