नेहा बोरा की याचिका खारिज, 10 हजार रुपये के पीस बॉन्ड नोटिस पर हाईकोर्ट का फैसला

 नेहा बोरा को दिल्ली हाईकोर्ट से झटका, 10 हजार रुपये के पीस बॉन्ड नोटिस के खिलाफ याचिका खारिज



दिल्ली हाईकोर्ट ने ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा की उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने 10,000 रुपये के निजी बॉन्ड और एक जमानतदार से जुड़े नोटिस को चुनौती दी थी। यह मामला अक्टूबर में हुए विरोध प्रदर्शन के बाद जारी नोटिस से संबंधित है।


क्या है पूरा मामला?


नेहा बोरा को विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट (SEM) की ओर से जारी नोटिस में जांच के दौरान शांति बनाए रखने के लिए 10,000 रुपये का पर्सनल बॉन्ड भरने और एक जमानतदार उपलब्ध कराने को कहा गया था। नेहा ने इस नोटिस को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती देते हुए इसे रद्द करने की मांग की थी।


यह मामला 16 अक्टूबर को दिल्ली के मंडी हाउस इलाके में हुए प्रदर्शन से जुड़ा है। नेहा बोरा की ओर से कहा गया था कि प्रदर्शन शांतिपूर्ण था और उन्होंने हिंसा का आह्वान नहीं किया था।


हाईकोर्ट ने क्या फैसला सुनाया?


23 अक्टूबर को जस्टिस सुब्रमण्यम प्रसाद की पीठ ने नेहा बोरा की याचिका खारिज कर दी। हालांकि, अदालत ने विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट को निर्देश दिया कि मामले में आगे की जांच के दौरान नेहा को उनके खिलाफ इस्तेमाल की जाने वाली सभी संबंधित सामग्री उपलब्ध कराई जाए और आवश्यक प्रक्रियात्मक सुरक्षा उपायों का ध्यान रखा जाए।


आगे क्या होगा?


याचिका खारिज होने के बाद नोटिस को रद्द करने की मांग स्वीकार नहीं की गई। अब मामले की आगे की प्रक्रिया में विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट की जांच और अदालत के निर्देशों का पालन महत्वपूर्ण होगा।


नोट: अदालत ने याचिका खारिज की है, लेकिन इसे नेहा बोरा के खिलाफ लगाए गए सभी आरोपों पर अंतिम निर्णय नहीं माना जाना चाहिए। मामले की आगे की कार्यवाही निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के अनुसार होगी।