कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश के पन्ना और छतरपुर में केन-बेतवा लिंक परियोजना से प्रभावित आदिवासी परिवारों और आंदोलनकारियों से मुलाकात की। इस दौरान प्रभावित लोगों ने जमीन, आजीविका, पुनर्वास और मुआवजे से जुड़ी अपनी परेशानियां उनके सामने रखीं।
आंदोलनकारियों का कहना है कि परियोजना के कारण कई परिवारों के सामने विस्थापन और आजीविका का संकट खड़ा हुआ है। उन्होंने जमीन के बदले जमीन, उचित मुआवजा और सम्मानजनक पुनर्वास जैसी मांगें उठाईं। वहीं, परियोजना प्राधिकरण के अनुसार केन-बेतवा लिंक परियोजना का उद्देश्य बुंदेलखंड में सिंचाई और पेयजल सुविधाओं को बढ़ाना है।
राहुल गांधी ने प्रभावित लोगों की समस्याएं सुनीं और उनकी मांगों के समर्थन में आवाज उठाने का भरोसा दिया। इस मुलाकात के बाद परियोजना को लेकर विकास, विस्थापन और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन पर राजनीतिक बहस फिर तेज हो गई है।
🔴📝 Description
राहुल गांधी ने पन्ना और छतरपुर में केन-बेतवा लिंक परियोजना से प्रभावित आदिवासी परिवारों से मुलाकात की। जानिए विस्थापितों ने क्या मांगें रखीं और क्यों तेज हुई परियोजना पर सियासी बहस।
📌 Poll
👍 आदिवासियों की आवाज को मजबूती देने वाला कदम
👎 विकास परियोजनाओं का विरोध समाधान नहीं है
🙏 विकास के साथ पर्यावरण और स्थानीय लोगों का हित जरूरी
⭐ सरकार पहले भरोसा बनाए, फिर परियोजना आगे बढ़ाए
😮 विस्थापन और मुआवजे पर पहले समाधान जरूरी