झारखंड में बढ़ा स्वाइन फ्लू का खतरा, 8 H1N1 मरीज मिले; स्वास्थ्य विभाग अलर्ट
Jharkhand Swine Flu Alert: झारखंड में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण के मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। रांची स्थित राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (RIMS) में अगस्त महीने के दौरान जांच किए गए सैंपल में 8 मरीजों में H1N1 संक्रमण की पुष्टि हुई है। इसके बाद राज्य में निगरानी और स्वास्थ्य तैयारियों को मजबूत किया जा रहा है।
अगस्त में सामने आए सभी 8 पॉजिटिव मामले
उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार जनवरी से अगस्त के बीच RIMS में H1N1 और H3N2 समेत इन्फ्लुएंजा की जांच के लिए 26 सैंपल लिए गए। इनमें अगस्त महीने में जांचे गए 11 सैंपल में से 8 पॉजिटिव पाए गए। इनमें से छह मरीज ठीक हो चुके हैं, जबकि दो का इलाज चल रहा है।
स्वास्थ्य विभाग ने बढ़ाई निगरानी
मामलों की पुष्टि के बाद झारखंड स्वास्थ्य विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। स्वास्थ्य अधिकारियों को संदिग्ध मरीजों की पहचान, जांच, उपचार और जरूरत पड़ने पर रेफरल की व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं। अस्पतालों में संक्रमण से निपटने की तैयारियों पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
रांची में विशेष नजर
स्वाइन फ्लू के मामले सामने आने के बाद रांची में स्वास्थ्य विभाग की निगरानी बढ़ाई गई है। अस्पतालों में फ्लू जैसे लक्षणों वाले मरीजों पर नजर रखने और जरूरत के अनुसार जांच कराने पर जोर दिया जा रहा है।
क्या है H1N1?
H1N1 इन्फ्लुएंजा वायरस का एक प्रकार है, जिसे आमतौर पर स्वाइन फ्लू कहा जाता है। इसके संक्रमण में बुखार, खांसी, गले में परेशानी, थकान और शरीर में दर्द जैसे फ्लू के लक्षण दिखाई दे सकते हैं। लक्षण गंभीर हों या तेजी से बढ़ें तो चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है।
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
स्वास्थ्य संबंधी विशेषज्ञ आम तौर पर फ्लू जैसे संक्रमण से बचाव के लिए हाथों की स्वच्छता बनाए रखने, खांसते या छींकते समय मुंह ढकने और बीमार होने पर दूसरों के संपर्क को सीमित रखने की सलाह देते हैं।
निष्कर्ष
झारखंड में अगस्त के दौरान H1N1 के 8 मामलों की पुष्टि के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी बढ़ा दी है। फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता संक्रमित मरीजों की पहचान, उपचार और संक्रमण की संभावित श्रृंखला को नियंत्रित करना है।
डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध मीडिया रिपोर्टों के आधार पर पुनर्लिखित है। स्वास्थ्य संबंधी किसी भी लक्षण या चिंता के लिए योग्य डॉक्टर की सलाह लें।
